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Yogas & Doshas
Vedic charts contain "yogas" (auspicious configurations) and "doshas" (afflictions). The right yoga at the right dasha period produces breakthrough success; the wrong dosha produces persistent friction. Below: how to identify each in your chart.
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राज योग: कुंडली में राजा, नेता, और शक्ति-केंद्र कैसे बनते हैं
⚡राज योग कोई एक संरचना नहीं है - यह योगों की एक श्रेणी है जो शक्ति, प्रसिद्धि, और अधिकार उत्पन्न करती है। यहाँ प्रमुख प्रकार और प्रत्येक की आवश्यकताएँ स्पष्ट हैं।
Vidhata Editorial Desk · 16 फ़र॰ 2026 · 7 min read
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पितृ दोष: जब पूर्वजों का अनसुलझा कर्म आपके जीवन में पहुँचे
⚡पितृ दोष तब है जब कुंडली में पूर्वजों का अनसुलझा कर्म दिखे - प्रायः पीड़ित सूर्य, चंद्र, या नवम भाव से। वंश का अधूरा कार्य जातक का पाठ्यक्रम बन जाता है। यहाँ निदान और उपाय हैं।
Vidhata Editorial Desk · 11 अक्टू॰ 2025 · 7 min read
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नीच भंग राज योग: जब ग्रह की दुर्बलता ही राजसी शक्ति बन जाती है
⚡नीच (debilitated) ग्रह शास्त्रीय रूप से दुर्बल माना जाता है। किन्तु कुछ विशिष्ट योग-स्थितियाँ इस नीचत्व को रद्द (भंग) कर देती हैं और दुर्बलता को एक प्रबल राज योग में परिवर्तित कर देती हैं। यहाँ शास्त्रीय नियम और उसका जीवन में अर्थ - दोनों स्पष्ट किए गए हैं।
Vidhata Editorial Desk · 8 सित॰ 2025 · 5 min read
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काल सर्प दोष: इसके इर्द-गिर्द बने भय-उद्योग से सच को अलग करना
⚡काल सर्प दोष तब बनता है जब सातों ग्रह राहु और केतु के बीच आ जाते हैं। आधुनिक ज्योतिष ने इसके इर्द-गिर्द एक उद्योग खड़ा कर लिया है। शास्त्रीय दृष्टि कहीं अधिक संतुलित है। यहाँ इसका असली अर्थ समझिए।
Vidhata Editorial Desk · 7 अग॰ 2025 · 7 min read
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बुधादित्य योग: जब सूर्य और बुध साथ बैठते हैं - और यह क्यों मायने रखता है
⚡बुधादित्य योग तब बनता है जब सूर्य और बुध एक ही राशि में हों। वैदिक ज्योतिष का सबसे सामान्य योग - 30%+ कुंडलियों में पाया जाता है। पर इसके प्रभाव बहुत भिन्न होते हैं। यहाँ ईमानदार पाठ है।
Vidhata Editorial Desk · 7 जुल॰ 2025 · 5 min read
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पंच महापुरुष योग: जब पाँच में से एक ग्रह आपके जीवन को परिभाषित करे
⚡जब मंगल, बुध, गुरु, शुक्र, या शनि स्वगृह में अथवा उच्च का होकर केंद्र में हो, तो "महापुरुष योग" बनता है - आपका जीवन उस ग्रह के विषयों से परिभाषित होता है। यह पाँच-स्वरूपीय वर्गीकरण है।
Vidhata Editorial Desk · 7 फ़र॰ 2025 · 8 min read
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गजकेसरी योग: जब बृहस्पति और चंद्रमा साथ खड़े होते हैं
⚡गजकेसरी वैदिक ज्योतिष में सबसे अधिक उद्धृत शुभ योगों में से एक है। यह बुद्धि, यश, समृद्धि और प्रिय उपस्थिति देता है। यहाँ इसकी सटीक रचना और यह वास्तव में क्या प्रदान करता है।
Vidhata Editorial Desk · 14 अक्टू॰ 2024 · 6 min read
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